देवास में अतिक्रमण हटाने पहुंची फॉरेस्ट टीम पर हमला, 100 ग्रामीणों ने घेरकर बरसाए पत्थर
सरकारी वन भूमि से अतिक्रमण हटाने गई टीम पर हमला, ड्रोन को भी नुकसान पहुंचाया गया, कई वनकर्मियों को सिर में गंभीर चोटें आईं।

देवास जिले के कमलापुर क्षेत्र में वन विभाग की अतिक्रमण हटाओ कार्रवाई के दौरान करीब 100 ग्रामीणों ने वन अमले और पुलिस बल पर पथराव कर दिया। घटना में छह वनकर्मी घायल हुए, आठ वाहन क्षतिग्रस्त हुए तथा ड्रोन को भी नुकसान पहुंचाया गया। मामले में 13 लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया है।
अतिक्रमण हटाने पहुंची टीम पर हमला
देवास जिले के जिनवाणी वन परिक्षेत्र अंतर्गत कमलापुर बीट के कक्ष क्रमांक-94 में शनिवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे वन विभाग की टीम सरकारी वन भूमि से अतिक्रमण हटाने पहुंची थी। कार्रवाई में सात रेंजों के लगभग 70 वनकर्मी और कमलापुर थाना पुलिस शामिल थी। इसी दौरान भीलआमला गांव के 100 से अधिक ग्रामीणों ने विरोध शुरू कर दिया। आरोप है कि ग्रामीणों ने वन अमले और पुलिस बल को चारों ओर से घेरकर करीब आधे घंटे तक पत्थर और गोफन से हमला किया। स्थिति बिगड़ने पर वनकर्मियों और पुलिसकर्मियों को जान बचाने के लिए खेतों की ओर भागना पड़ा। घटना का ड्रोन वीडियो भी सामने आया है।
वाहनों और ड्रोन को नुकसान, छह कर्मचारी घायल
कार्रवाई का नेतृत्व बागली एसडीओ अंकित जामोद कर रहे थे। पथराव बढ़ने पर उन्हें वाहन में शरण लेनी पड़ी। एसडीओ अंकित जामोद ने बताया कि विभाग के छह वाहन और कार्रवाई में लगी दो जेसीबी को नुकसान पहुंचाया गया। हमलावरों ने ड्रोन को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। हमले में वनरक्षक मोहन पंचोनिया, ज्योति जाट, कमल राणा, देवकरण मालवीय, सूरज और परिक्षेत्र सहायक केके परमार घायल हुए हैं। घायलों को कमलापुर स्वास्थ्य केंद्र और चापड़ा अस्पताल ले जाया गया, जहां से तीन कर्मचारियों को सिर में गंभीर चोट होने के कारण देवास जिला अस्पताल रेफर किया गया।
घायल वनरक्षक ज्योति जाट ने बताया कि अचानक चारों तरफ से पथराव शुरू हो गया और संभलने का मौका तक नहीं मिला। उन्होंने बताया कि वनपाल कमल परमार के सिर में पत्थर लगने से गंभीर चोट आई। वहीं घायल वनकर्मी मोहन ने कहा कि ग्रामीणों ने टीम को चारों तरफ से घेर लिया था और लगातार पत्थर तथा गोफन से हमला किया जा रहा था।
13 लोगों पर मामला दर्ज, चार आरोपी गिरफ्तार
वन विभाग के एसडीओ विकास माहोरे ने बताया कि भीलआमला गांव के पास सरकारी वन भूमि पर अवैध खेती की जा रही थी। इसी अतिक्रमण को हटाने के लिए कार्रवाई की जा रही थी। मामले में कमलापुर थाने में 13 लोगों के खिलाफ नामजद प्रकरण दर्ज किया गया है। पुलिस ने शिवम पिता गब्बर डाबर, विशाल पिता दिलीप बुंदेला, मंसाराम पिता भेरुजी और धन्नालाल पिता मानसिंह बामनिया को गिरफ्तार किया है। वीडियो के आधार पर अन्य आरोपियों की पहचान और जांच जारी है।



