वनरक्षक भर्ती : 196 अभ्यर्थियों में मुकाबला, 172 ने कराया परीक्षण 145 पुरुष ओर 27 महिला लिया भाग 24 अभ्यर्थी अनुपस्थिति रहे।
दस्तावेजों की जांच और बायोमेट्रिक सत्यापन के बाद नापी गई ऊंचाई व सीने की चौड़ाई आज 25 किमी की पैदल चाल से तय होगी शारीरिक दक्षता।

आशीष यादव धार।
वनरक्षक भर्ती के तहत वन मंडल में सात पदों के लिए अभ्यर्थियों की शारीरिक दक्षता परीक्षा शुरू हो गई है। शुक्रवार को कुल 196 अभ्यर्थियों में से 172 उपस्थित रहे, जबकि 24 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। 145 पुरुष ओर 27 महिला लिया भाग । भर्ती प्रक्रिया के पहले दिन दस्तावेजों की जांच, बायोमेट्रिक सत्यापन और शारीरिक मापदंडों के परीक्षण की प्रक्रिया पूरी की गई। अब शनिवार को होने वाली 25 किलोमीटर की पैदल चाल अभ्यर्थियों के लिए अगली बड़ी चुनौती होगी।
भर्ती प्रक्रिया में शामिल होने के लिए खरगोन, खंडवा, रतलाम, आलीराजपुर सहित आसपास के जिलों से भी अभ्यर्थी धार पहुंचे। वन विभाग ने प्रक्रिया को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए विशेष निगरानी की व्यवस्था की है। अधिकारियों की कमेटी की मौजूदगी में अलग-अलग चरणों में अभ्यर्थियों की पात्रता और शारीरिक मापदंडों की जांच की जा रही है।
दस्तावेजों के बाद बायोमेट्रिक, फिर शारीरिक परीक्षण
निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार, सबसे पहले अभ्यर्थियों के दस्तावेजों की जांच की गई। इसके बाद बायोमेट्रिक सत्यापन हुआ और फिर शारीरिक परीक्षण लिया गया। इसमें अभ्यर्थियों की ऊंचाई और सीने की चौड़ाई मापी गई। भर्ती के दूसरे चरण में पहचान सुनिश्चित करने के लिए आधार आधारित सत्यापन की व्यवस्था भी अपनाई गई है।
25 किलोमीटर की पैदल चाल होगी अगली परीक्षा
भर्ती प्रक्रिया का अगला चरण 24 अक्टूबर को होगा। इस दिन अभ्यर्थियों को धार वन मंडल से सलकनपुर तक निर्धारित 25 किलोमीटर की पैदल चाल पूरी करनी होगी। इस चरण में उनकी शारीरिक क्षमता, सहनशक्ति और निर्धारित मानकों के अनुरूप प्रदर्शन का आकलन किया जाएगा। सात पदों के लिए हो रही इस भर्ती में पैदल चाल का चरण अभ्यर्थियों की दक्षता परखने के लिहाज से महत्वपूर्ण रहेगा।
पारदर्शिता के लिए विशेष कमेटी तैनात
भर्ती प्रक्रिया को व्यवस्थित और निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की विशेष कमेटी निगरानी कर रही है। डिप्टी कलेक्टर आशा परमार, एसडीओ सुरेश बारोले, सरिता ठाकुर, रेंजर प्रभुराम मुछाला, शैलेंद्र सोलंकी, होशियार सिंह कन्नौज, गौरव त्रिवेदी , गजानन बिरला, इसमें वन विभाग के अधिकारियों के साथ प्रशासन, पुलिस और चिकित्सा विभाग से जुड़े अधिकारियों की मौजूदगी रखी गई है। इसका उद्देश्य प्रत्येक चरण में निर्धारित नियमों का पालन सुनिश्चित करना और किसी भी तरह की अनियमितता की आशंका को रोकना है।
एक गर्भवती अभ्यर्थी का नहीं हो सका शारीरिक परीक्षण
परीक्षण के दौरान एक गर्भवती महिला अभ्यर्थी का शारीरिक परीक्षण नहीं हो सका। भर्ती प्रक्रिया में शामिल अभ्यर्थियों के लिए शारीरिक मापदंडों और निर्धारित नियमों का पालन अनिवार्य है। पहले दिन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब सभी की नजरें 25 किलोमीटर की पैदल चाल पर टिकी हैं। इसके बाद निर्धारित भर्ती नियमों के अनुसार चयन प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।




