
इंदौर पुलिस द्वारा चलायें जा रहे विभिन्न जागरूकता कार्यक्रमों से प्रेरित होकर, सजग ऑटो चालक ले आया नाबालिक बालिका को पुलिस के पास।
★ सजग ऑटो चालक व यातायात पुलिस की संवेदनशीलता के साथ की कार्यवाही ने बालिका को सकुशल पहुंचाया उसके परिजनों के पास।
इंदौर – पुलिस की अपनी ड्यूटी के साथ-साथ अपने सामाजिक उत्तरदायित्व के तहत शहर में लोगों की हर संभव मदद व तुरंत सहायता हेतु, वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में इंदौर पुलिस पूरी संवेदनशीलता एवं गंभीरता से लगातार कार्यवाही कर रही है।
व्हाइट चर्च चौराहे पर शाम को एक लड़की घर से माँ की डांट फटकार से दिन में 3 बजे गुस्से में निकल आयी थी, जिसकी उम्र करीब 13-14 साल थी, जो एक ऑटो में बैठ कर जा रही थी। ड्राइवर को अकेली लड़की को देखकर कुछ ठीक नही लगा तो उसने वहाईट चर्च चौराहे पर खड़े यातायात व्यवस्था में लगे अधिकारी एवम कर्मचारी उप निरीक्षक देवकरण मालवीय, म.आरक्षक 4847 ज्योति रजक, आर.3771 अजीत , आर.4430 विष्णु सिंह म.आर.4701 भुली, सैनिक.16 मोरधुज को इसकी जानकारी दी ।
विदित हो कि इंदौर पुलिस विभिन्न सामाजिक जागरूकता कार्यक्रमों के जरिये, छोटे बच्चों/ बच्चियों एवं महिलाओं के प्रकरण में इंदौर पुलिस संवेदनशील है व उनके लिये हरसंभव मदद करने को तत्पर रहती है, इसी बात को ध्यान में रख ऑटो चालक बालक को पुलिस के पास ले आया।
पुलिस टीम व म.आर 4847 ज्योति रजक के पूछने पर लड़की ने बताया कि वो घर से गुस्से में निकल आयी है ओर वो रोने लगी तो फिर उसे बिठा कर उससे मित्रवत व्यवहार कर उसका नाम और पता जाना तो उसने आजाद नगर बताया । लड़की के घर वालो से कॉल पर बात कर उन्हें बताया की लड़की यहां पर सकुशल है। उनके पापा लेने आये तो लड़की को उचित समझाईश देकर उन्हें पापा के सपुर्द किया।
बालिका को सकुशल पाकर उसके परिजनों ने ऑटो चालक और सभी पुलिस कर्मचारियों का धन्यवाद दिया गया।